अवध

वज्रपात की सटीक जानकारी के लिए प्ले स्टोर से डाउनलोड करें दामिनी और सचेत ऐप

मौसम, आंधी-तूफान की सटीक जानकारी के लिए लांच किया गया है मोबाइल ऐपः डीएम

वज्रपात की घटनाओं से बचाव को जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा एडवाइजरी जारी

प्रतापगढ़ (हरिश्चंद्र यादव). जिलाधिकारी प्रकाशचंद्र श्रीवास्तव ने जनसामान्य से अपील करते हुए कहा है कि खराब मौसम में कभी भी बाहर न निकलें। खासतौर पर उस समय जब तेज बरसात के साथ आसमान में बिजली कड़क ( lightning) रही हो। ऐसे समय में जनहानि की आशंका बढ़ जाती है। जिलाधिकारी ने कहा, आकाशीय बिजली से बचने के कुछ उपायों को अपनाया जाए ताकि वज्रपात ( lightning) से जनहानि न होने पाए।

उन्होंने कहा कि जनसामान्य अपने मोबाइल में मौसम विज्ञान विभाग भारत सरकार द्वारा विकसित दामिनी एप एवं सचेत ऐप डाउनलोड करें, जिससे वज्रपात की पूर्व सूचना मिल सके और वज्रपात से बचा जा सके। बताया कि प्रतिवर्ष वज्रपात से बड़ी संख्या में जनहानि व पशु हानि होती है। इन्फास्ट्रक्चर को भी भारी नुकसान पहुंचता है। वज्रपात से कम से कम क्षति हो, इसके लिए प्रभावी व्यवस्था को अपनाने के साथ ही अधिसूचित आपदाओं की पूर्व चेतावनियों एवं अलर्ट को आम जनमानस तक समय से पहुंचाकर आपदा के असर को कम किया जा सकता है।

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जिलाधिकारी ने कहा कि इससे बचने केलिए सभी लोग अपने स्मार्ट फोन में दामिनी ऐप (Download Damini) डाउनलोड करने के साथ ही जनसामान्य को इस ऐप के बारे में बताएं। मौसम की पूर्ण जानकारी के लिए सचेत ऐप (Sachet app) डाउनलोड करें, जिससे मौसम, विभिन्न आपदाओं की जानकारी व एडवाइजरी मिल सके।

वज्रपात से बचने के लिए पेड़ों के नीचे, मोबाइल टावर व ऊंचे मकान के नीचे शरण न लें। बच्चों को बाहर न खेलने दें, लोहे की खिड़की, दरवाजे व हैंडपंप आदि को न छुएं। धातु से बने छाते का प्रयोग न करें, लैंडलाइन एवं बिजली के उपकरणों का उपयोग न करें। खुले वाहनों में सवारी न करें, बचाव के लिए जमीन पर न लेटें। तैराकी या नौकायन से भी परहेज करें।

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जिलाधिकारी ने कहा, मौसम खराब हो तो तुरंत किसी पक्के घर में शरण लें। आसपास सुरक्षित स्थान न होने पर दोनों कानों को बंद कर पैरों को सटा लें और घुटनों का टेक लेकर उकड़ू बैठ जाए। घरों में विद्युत उपकरणों को प्लग से अलग कर दें। यदि खेतों में हैं तो तुरंत सूखे स्थान पर चले जाएं। हाईटेंशन तार, पोखर, बिजली के पोल और कटीले तारों से दूर रहें। वज्रपात से कम से कम क्षति हो, इसके लिए प्रभावी व्यवस्था को अपनाने के साथ आपदाओं की पूर्व चेतावनियों को जनमानस तक पहुंचाएं। दामिनी ऐप से लगभग 20 से 40 किमी के क्षेत्र में संभावित वज्रपात का नोटिफिकेशन मिलता है, जिससे व्यक्तियों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचने में मदद मिलती है।

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