छिंदवाड़ा से अयोध्या जा रही त्रिशूल यात्रा का घूरपुर में भव्य अभिनंदन

प्रयागराज (श्याम प्रकाश सिंह). घूरपुर। मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा से अयोध्या के लिए प्रस्थान कर चुकी विशाल ‘सनातन त्रिशूल यात्रा’ का शनिवार सायंकाल घूरपुर के इरादतगंज बाजार स्थित शिव मंदिर में श्रद्धा और उत्साह के साथ स्वागत किया गया। विश्व हिंदू परिषद मंडल जसरा के प्रखंड उपाध्यक्ष संतोष केसरवानी के सानिध्य में विधिवत पूजा-अर्चना कर त्रिशूल का धार्मिक अनुष्ठान संपन्न कराया गया।
इस अवसर पर संतोष केसरवानी ने यात्रा के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह यात्रा देश में सनातन परंपराओं को सशक्त करने और हिंदू चेतना को जागृत करने के संकल्प के साथ निकाली जा रही है। उन्होंने कहा कि यात्रा के केंद्र में आस्था, संस्कृति और धार्मिक मूल्यों का संरक्षण निहित है।
उन्होंने जानकारी दी कि इस यात्रा के साथ स्टील धातु से निर्मित लगभग 60 फुट लंबा विशाल त्रिशूल चल रहा है, जिसे देश का अब तक का सबसे बड़ा त्रिशूल बताया जा रहा है। यह यात्रा चौबीसों घंटे निरंतर संचालित हो रही है और लगभग 50 श्रद्धालुओं का दल इसके साथ पदयात्रा कर रहा है।
बताया गया कि इस विशाल त्रिशूल की स्थापना अयोध्या जनपद के बीकापुर तहसील अंतर्गत रमपुरवा गांव में स्थित करीब 500 वर्ष प्राचीन शिव मंदिर में की जाएगी। इस मंदिर की विशेष धार्मिक मान्यता है, जहां वर्ष भर पुजारी बदलते रहते हैं और सूर्य की किरणों से शिवलिंग का प्राकृतिक अभिषेक होता है।
संतोष केसरवानी ने यह भी बताया कि त्रिशूल को मंदिर परिसर में स्थापित किए जाने के बाद यात्रा से जुड़े पदाधिकारी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भेंट कर उनके कर-कमलों से त्रिशूल स्थापना कराने का अनुरोध करेंगे। उन्होंने कहा कि यात्रा से जुड़े श्रद्धालुओं की यह प्रबल इच्छा है कि यह ऐतिहासिक स्थापना मुख्यमंत्री के हाथों संपन्न हो।
यह सनातन त्रिशूल यात्रा संत रामपाल जी महाराज के सानिध्य में संचालित की जा रही है, जिसकी शुरुआत 2 जनवरी को छिंदवाड़ा से हुई थी। स्वागत कार्यक्रम में राकेश सिंह लकी, सुबोध दुबे, अजब लाल सिंह, प्रमोद केसरवानी, पिंटू सिंह, बबलू सिंह सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।