शंकरगढ़ः बोर्ड की बैठक में छाया पानी का मुद्दा, त्वरित कार्ययोजना का निर्णय

प्रयागराज (आलोक गुप्ता). यमुनापार की नगर पंचायत शंकरगढ़ में सोमवार को बोर्ड बैठक आयोजित की गई, जिसमें जलापूर्ति का मुद्दा प्रमुख रूप से छाया रहा। बैठक शुरू होते ही विभिन्न वार्डों के सभासदों ने पेयजल संकट, गिरते जलस्तर और आपूर्ति की अनियमितता को लेकर प्रशासन का ध्यान आकृष्ट किया।
बैठक में बारा क्षेत्र के विधायक डॉ. वाचस्पति की उपस्थिति रही, जबकि अध्यक्ष पार्वती कोटार्य ने भी समस्या की गंभीरता स्वीकार करते हुए शीघ्र समाधान की आवश्यकता पर जोर दिया। सदस्यों ने बताया कि कई इलाकों में पाइपलाइन जर्जर है, बोरिंग खराब हैं और गर्मी बढ़ने के साथ स्थिति और विकट हो सकती है।
सभासदों ने नाली, सड़क और जल निकासी की समस्याओं को भी रेखांकित किया। उनका कहना था कि कई मोहल्लों में नालियां जाम होने से जलभराव की आशंका बनी रहती है, जबकि टूटी सड़कों से आवागमन प्रभावित हो रहा है। इन मुद्दों पर भी प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई की मांग की गई।
विधायक डॉ. वाचस्पति ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि पेयजल व्यवस्था में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त संसाधन उपलब्ध कराने का आश्वासन भी दिया गया।
अध्यक्ष पार्वती कोटार्य ने बताया कि प्रत्येक वार्ड से समस्याओं का विवरण लेकर समेकित कार्ययोजना तैयार की जाएगी। उन्होंने जनप्रतिनिधियों से समन्वय बनाए रखने की अपील की, ताकि प्राथमिकता तय कर शीघ्र कार्रवाई संभव हो सके।
अधिशासी अधिकारी अमित कुमार ने बैठक में जानकारी दी कि खराब बोर की मरम्मत, नई बोरिंग, पाइपलाइन सुधार और जरूरत पड़ने पर टैंकर से आपूर्ति की व्यवस्था लागू की जाएगी। जलापूर्ति की निगरानी के लिए विशेष टीम गठित करने की भी घोषणा की गई।
बैठक के समापन पर यह निर्णय लिया गया कि पेयजल के साथ-साथ नाली, सड़क और जल निकासी से जुड़ी समस्याओं के स्थायी समाधान हेतु विस्तृत कार्ययोजना बनाकर चरणबद्ध क्रियान्वयन किया जाएगा, ताकि नगर पंचायत क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं की स्थिति में सुधार लाया जा सके।


