कौशांबी में 10 हजार की रिश्वत लेते घूसखोर लेखपाल गिरफ्तार

प्रयागराज (आलोक गुप्ता). उत्तर प्रदेश सतर्कता अधिष्ठान की ट्रैप टीम ने कौशांबी जिले में तैनात एक लेखपाल को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। कार्रवाई सोमवार दोपहर चम्पहा बाजार स्थित एक मिठाई की दुकान पर की गई।
हैसियत प्रमाण पत्र की रिपोर्ट के नाम पर मांग
मामला हैसियत प्रमाण पत्र जारी करने से जुड़ा है। शिकायतकर्ता ने 20 फरवरी 2026 को प्रयागराज सेक्टर के पुलिस अधीक्षक (सतर्कता) के समक्ष प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया था कि उसके पिता ने ठेकेदारी कार्य के लिए 18 जनवरी 2026 को ऑनलाइन आवेदन किया था। 18 फरवरी को तहसीलदार मंझनपुर के समक्ष आवेदन प्रस्तुत करने पर उसे नियमानुसार आख्या के लिए अग्रेषित किया गया।
आरोप है कि संबंधित क्षेत्रीय लेखपाल महेन्द्र कुमार ने रिपोर्ट लगाने के एवज में 10 हजार रुपये की मांग की और भुगतान न करने पर प्रतिकूल रिपोर्ट लगाने की धमकी दी। शिकायतकर्ता ने रिश्वत देने से इनकार करते हुए विजिलेंस से संपर्क किया और आरोपी को रंगे हाथ पकड़वाने की इच्छा जताई।
गोपनीय सत्यापन के बाद ट्रैप
सतर्कता विभाग ने शिकायत का गोपनीय सत्यापन कराया, जिसमें आरोप प्रथमदृष्टया सही पाए गए। इसके बाद ट्रैप की योजना बनाई गई। 23 फरवरी 2026 को दोपहर करीब 1:14 बजे चम्पहा बाजार, छक्की अग्रहरी की मिठाई की दुकान, जनपद कौशांबी में जाल बिछाया गया।
पूर्व नियोजित कार्रवाई के तहत लेखपाल महेन्द्र कुमार, क्षेत्र सिंहवल, जनपद कौशांबी को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते समय गिरफ्तार कर लिया गया। टीम ने विधिक प्रक्रिया पूरी करते हुए आरोपी को हिरासत में ले लिया।
आमजन से सतर्कता की अपील
पुलिस अधीक्षक, सतर्कता अधिष्ठान प्रयागराज सेक्टर ने नागरिकों से अपील की है कि यदि कोई सरकारी अधिकारी या कर्मचारी किसी कार्य के बदले अवैध धन की मांग करता है, तो तत्काल इसकी सूचना विभाग को दें। इसके लिए हेल्पलाइन नंबर 9454404859 (प्रयागराज सेक्टर) और 9454401866 (सतर्कता मुख्यालय) जारी किए गए हैं, ताकि शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
विजिलेंस अधिकारियों का कहना है कि भ्रष्टाचार के मामलों में शून्य सहिष्णुता की नीति के तहत आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।



One Comment