
तेज रफ्तार में टायर फटने के कारण बेकाबू हुआ मजदूरों से भरा पिकअप
The live ink desk. मध्य प्रदेश के धार जिले में इंदौर-अहमदाबाद राष्ट्रीय राजमार्ग पर बुधवार रात हुए भीषण सड़क हादसे में 6 बच्चों समेत 16 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए। तेज रफ्तार और टायर फटने को हादसे की मुख्य वजह माना जा रहा है।
धार जिले के तिरला थाना क्षेत्र स्थित चिकलिया फाटा के पास बुधवार रात करीब साढ़े 8 बजे मजदूरों से भरा एक पिकअप वाहन अनियंत्रित होकर पलट गया और सामने से आ रही स्कॉर्पियो से टकरा गया। हादसे में 6 बच्चों सहित 16 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हो गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पिकअप वाहन लगभग 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रहा था। इसी दौरान अचानक उसका टायर फट गया, जिससे चालक का नियंत्रण हट गया। वाहन तीन-चार बार पलटता हुआ डिवाइडर पार कर रॉन्ग साइड में पहुंच गया और सामने से आ रही स्कॉर्पियो से टकरा गया। घटना के समय स्कॉर्पियो मांगूद से धार की ओर जा रही थी, जबकि पिकअप धार से मांगूद की ओर जा रहा था।
हादसे के बाद घटनास्थल पर चीख-पुकार मच गई। स्थानीय लोगों और राहगीरों ने तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करते हुए वाहन में फंसे लोगों को बाहर निकाला। कई घायल सड़क पर पड़े थे, जिन्हें 108 एंबुलेंस सेवा की मदद से जिला अस्पताल पहुंचाया गया।
जिला चिकित्सालय में एक साथ बड़ी संख्या में घायलों के पहुंचने से अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इमरजेंसी मेडिकल ऑफिसर डॉ. छत्रपाल सिंह चौहान के अनुसार, सभी घायलों का इलाज जारी है और कई की हालत गंभीर बनी हुई है। गंभीर रूप से घायल मरीजों को बेहतर इलाज के लिए इंदौर रेफर किया गया है।
प्रभारी कलेक्टर अभिषेक चौधरी ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की टीमें मौके पर पहुंच गईं और घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। उन्होंने कहा कि सभी घायलों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने के लिए लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है और जरूरत पड़ने पर इंदौर के सरकारी व निजी अस्पतालों में शिफ्ट किया जा रहा है।
इंदौर संभाग के कमिश्नर सुदाम खाड़े ने बताया कि पिकअप में करीब 46 लोग सवार थे। सात गंभीर घायलों को इंदौर रेफर किया गया है, जबकि लगभग 15 घायलों का इलाज स्थानीय अस्पतालों में और छह का उपचार निजी अस्पतालों में जारी है।
धार के पुलिस अधीक्षक मयंक अवस्थी के अनुसार, तेज रफ्तार के कारण चालक नियंत्रण खो बैठा, जिससे वाहन पलट गया और हादसा हुआ। उन्होंने 16 लोगों की मौत की पुष्टि की है।
मृतकों में तनु (9), अंगूरी बाई (35), मैना बाई (45), सुमित (14), किरण (9), भूरी बाई (35), रंजना (25), आयुष (14), गोकुल (15), सुनीता (42), कांता (45), रिंकू (19), रंजना (22), सावित्री बाई (30), संगीता (35) और प्रिया शामिल हैं। सभी मृतक धार जिले के विभिन्न गांवों के निवासी थे।
हादसे पर नरेन्द्र मोदी ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता देने की घोषणा की है।
वहीं मोहन यादव ने भी घटना को हृदय विदारक बताते हुए मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपये, गंभीर घायलों को 1-1 लाख रुपये और अन्य घायलों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने सभी घायलों के नि:शुल्क उपचार के निर्देश भी दिए और इंदौर संभागायुक्त व आईजी को मौके पर पहुंचकर व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने को कहा।
घटना पर कैलाश विजयवर्गीय ने भी दुख व्यक्त किया। वहीं सीएमएचओ डॉ. माधव हसानी ने बताया कि इंदौर के अस्पतालों को अलर्ट कर दिया गया है और घायलों के बेहतर इलाज के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं।



