विधायक डॉ. वॉचस्पति की पहल से बारा विधानसभा के विकास को मिली रफ्तार

नेवढ़िया मार्ग चौड़ीकरण को 56.85 करोड़ की मंजूरी, बिजली व्यवस्था सुधार की दिशा में कदम
प्रयागराज (आलोक गुप्ता). यमुनापार क्षेत्र की बारा विधानसभा में बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में अहम प्रगति देखने को मिल रही है। लंबे समय से जर्जर स्थिति में रहे नेवढ़िया मार्ग के चौड़ीकरण एवं सुदृढ़ीकरण के लिए 5685.39 लाख रुपये (56.85 करोड़) की धनराशि स्वीकृत की गई है। इसके साथ ही क्षेत्र में बिजली व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए नए विद्युत उपकेन्द्रों की स्थापना की दिशा में भी ठोस पहल शुरू हो गई है। इन विकास कार्यों के पीछे विधायक डॉ. वॉचस्पति की सक्रियता और लगातार किए गए प्रयासों को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
नेवढ़िया मार्ग बारा विधानसभा के लिए केवल एक सड़क नहीं, बल्कि सामाजिक और आर्थिक गतिविधियों की प्रमुख कड़ी है। सड़क की खराब स्थिति के कारण वर्षों से ग्रामीण इलाकों के लोगों को आवागमन, कृषि उपज के परिवहन, व्यापारिक गतिविधियों तथा आपातकालीन सेवाओं में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था।
बरसात के मौसम में हालात और भी बदतर हो जाते थे। इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए विधायक डॉ. वॉचस्पति द्वारा शासन स्तर पर निरंतर प्रयास किए गए, जिसके परिणामस्वरूप इस बहुप्रतीक्षित परियोजना को मंजूरी मिली। परियोजना के तहत चेनज 0 से 19 किलोमीटर तथा चेनज 22.200 से 23 किलोमीटर तक मार्ग का चौड़ीकरण एवं सुदृढ़ीकरण किया जाएगा।
इसी क्रम में बारा विधानसभा क्षेत्र की बिजली व्यवस्था को लेकर भी पहल तेज हुई है। जसरा विकास खण्ड के अंतर्गत ग्राम पंचायत बसहरा तरहार सहित आसपास के गांवों तथा शंकरगढ़ विकास खण्ड के अंतर्गत ग्राम पंचायत जूही में विद्युत उपकेन्द्र स्थापित किए जाने की मांग को लेकर ग्रामीणों द्वारा दिए गए पत्र के आधार पर विधायक डॉ. वॉचस्पति ने विधानसभा में याचिका दाखिल की है।
ग्रामीणों का कहना है कि दूरस्थ उपकेन्द्रों पर निर्भरता के कारण लो-वोल्टेज और बार-बार बिजली कटौती की समस्या बनी रहती है, जिससे कृषि कार्य, शिक्षा और छोटे व्यवसाय प्रभावित हो रहे हैं।विधायक डॉ. वॉचस्पति ने कहा कि सड़क और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाएं किसी भी क्षेत्र के समग्र विकास की नींव होती हैं और इन्हें प्राथमिकता के आधार पर मजबूत किया जाएगा। क्षेत्रवासियों ने उम्मीद जताई है कि इन योजनाओं के धरातल पर उतरने से बारा विधानसभा को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने में मदद मिलेगी और आम जनता को स्थायी राहत प्राप्त होगी।


