मोदी ने कहा: एक ही परिवार को श्रेय देने की परंपरा देश को पीछे ले गई

अटल बिहारी वाजपेयी जयंती पर राष्ट्र प्रेरणा स्थल का उद्घाटन
लखनऊ (विजय मिश्र). प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गुरुवार को अटल बिहारी वाजपेयी की जन्म शताब्दी के अवसर पर नवनिर्मित राष्ट्र प्रेरणा स्थल का उद्घाटन किया। इस 65 एकड़ में बने स्थल पर श्यामा प्रसाद मुखर्जी, पंडित दीनदयाल उपाध्याय और अटलजी की प्रतिमाएं स्थापित हैं।
प्रधानमंत्री ने कहा कि पूर्व सरकारों में देश के विकास में योगदान देने वाले महान विभूतियों के कद को छोटा करके केवल एक परिवार को श्रेय देने की प्रवृत्ति रही, जिसे भाजपा सरकार ने बदल दिया है। अब अटलजी, आंबेडकर, नरसिंह राव, प्रणब मुखर्जी और भगवान विरसा मुंडा सहित सभी का योगदान समान रूप से याद किया जाता है।
मोदी ने क्रिसमस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आज का दिन अटलजी और महामना मदन मोहन मालवीय की जयंती के साथ महाराजा बिजली पासी की जयंती का भी अवसर लेकर आता है। उन्होंने प्रेरणा स्थल के निर्माण में लगे श्रमिकों और योगी सरकार की टीम को भी बधाई दी।



प्रधानमंत्री ने कहा कि राष्ट्र प्रेरणा स्थल भारत को आत्मसम्मान और एकता का मार्ग दिखाने वाले विचारों का प्रतीक है। उन्होंने अटलजी के सुशासन, डिजिटल और टेलीकॉम प्रयासों का जिक्र करते हुए कहा कि आज भारत मोबाइल निर्माता बन चुका है।
मोदी ने दीनदयाल उपाध्याय के एकात्म मानववाद का महत्व बताते हुए कहा कि भाजपा सरकार ने हर जरूरतमंद को कल्याणकारी योजनाओं के दायरे में लाकर गरीबी पर विजय पाई है। 2014 से पहले केवल 25 करोड़ लोग सामाजिक सुरक्षा का लाभ पा रहे थे, आज यह संख्या 95 करोड़ तक पहुंच गई है।
प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पूर्व सरकारों ने उपलब्धियों को केवल एक परिवार से जोड़ने की प्रवृत्ति अपनाई। भाजपा ने इसे बदलकर सबका योगदान सम्मानित किया। नेताजी सुभाष चंद्र बोस, सरदार पटेल, महाराजा सुहेलदेव और निषाद राज सहित अन्य नेताओं के स्मारक और प्रतिमाएं स्थापित कर उनके योगदान को याद किया जा रहा है।
मोदी ने कहा कि यूपी के मेहनतकश लोग विकास की नई गाथा लिख रहे हैं और यह भूमि अब प्रेरणा का केंद्र बन चुकी है।


