जमीन के झगड़े में अपनों ने ही जलाकर मार डाला!

अमेठी में पारिवारिक विवाद बना खूनी आगजनी का कारण। बड़े भाई को जिंदा जलाने का आरोप, तीन पर एफआईआर दर्ज
The live ink desk. गुरुवार की रात जमीनी विवाद ने अमेठी में रिश्तों को तार-तार कर दिया। आरोपित है कि छोटे भाई पर अपने ही बड़े भाई को जिंदा जलाकर मार डाला। गंभीर रूप से झुलसे घायल की इलाज के दौरान मौत के बाद पुलिस ने तीन नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
रात में छप्पर में लगी आग, ग्रामीणों ने बुझाई लपटें
यह सनसनीखेज घटना अमेठी कोतवाली क्षेत्र के सुंदरपुर दरखा गांव की है। गांव निवासी रामसजीवन गुप्ता (42) बुधवार रात घर से कुछ दूरी पर बने अपने छप्परनुमा मकान में सो रहे थे। रात करीब साढ़े नौ बजे अचानक छप्पर में आग लग गई। आग की लपटें देख ग्रामीण मौके पर पहुंचे और काफी प्रयास के बाद आग बुझाई, लेकिन तब तक रामसजीवन बुरी तरह झुलस चुके थे।
अस्पताल में तोड़ा दम, लखनऊ ट्रामा सेंटर में इलाज
परिजन उन्हें तत्काल जिला अस्पताल गौरीगंज ले गए, जहां प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर होने पर डॉक्टरों ने लखनऊ ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया। गुरुवार को इलाज के दौरान रामसजीवन की मौत हो गई।
भाभी ने लगाया साजिशन आगजनी का आरोप
मृतक की भाभी फूलपती देवी ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया है कि जमीन विवाद के चलते रामसजीवन के छोटे भाई जगन्नाथ गुप्ता और उनके पुत्र सचिन व सतीश ने योजनाबद्ध तरीके से छप्पर में आग लगा दी। आरोप है कि आग लगते ही रामसजीवन चीखते हुए बाहर निकले और शोर सुनकर पहुंची फूलपती देवी ने आरोपियों को मौके से भागते देखा।
परिवार की स्थिति और बच्चे की सुरक्षा
बताया गया कि रामसजीवन की पत्नी का छह महीने पहले निधन हो चुका था। वह अपने चार वर्षीय पुत्र के साथ रहते थे, हालांकि घटना के समय बच्चा मामा के घर होने के कारण सुरक्षित बच गया।
पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा, एक हिरासत में
कोतवाली प्रभारी निरीक्षक रवि कुमार सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर तीन नामजद आरोपियों के खिलाफ सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। एक आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है, जबकि अन्य की तलाश और मामले की गहन जांच जारी है।




One Comment