ग्रामीण भारत को सशक्त करने वाला कानून है ‘G-RAM-G’, विपक्ष फैला रहा भ्रम: स्वतंत्र देव

प्रयागराज (आलोक गुप्ता). उत्तर प्रदेश के जल शक्ति मंत्री एवं प्रयागराज के प्रभारी मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने कहा है कि ‘विकसित भारत गारंटी फॉर रोज़गार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण)’ अर्थात ‘जी राम जी’ अधिनियम गांव, गरीब और किसान को केंद्र में रखकर तैयार किया गया एक दूरदर्शी कानून है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और अन्य विपक्षी दल इस कानून को लेकर जनता में भ्रम फैलाने का प्रयास कर रहे हैं, जबकि यह योजना ग्रामीण अर्थव्यवस्था को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मील का पत्थर है।
शुक्रवार को शहीद चन्द्रशेखर आजाद सर्किट हाउस में आयोजित प्रेस वार्ता में मंत्री ने कहा कि जी राम जी अधिनियम के माध्यम से ग्रामीण रोजगार को केवल सहायता आधारित योजना नहीं, बल्कि विकास से जुड़ा कानूनी अधिकार बनाया गया है। उन्होंने बताया कि इस कानून के तहत रोजगार की अवधि बढ़ाकर 125 दिन कर दी गई है, वहीं कृषि एवं खेतीहर कार्यों के लिए 60 दिन अतिरिक्त आरक्षित किए गए हैं। इस प्रकार ग्रामीण परिवारों को कुल 185 दिनों तक काम की गारंटी सुनिश्चित की गई है, जो पहले की तुलना में ऐतिहासिक सुधार है।
स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि बिखरी हुई सैकड़ों कार्य श्रेणियों को समेटकर अब उन्हें चार प्रमुख क्षेत्रों—जल सुरक्षा, ग्रामीण अवसंरचना, आजीविका संपत्ति और जलवायु संरक्षण—में वर्गीकृत किया गया है, ताकि योजनाओं का लाभ सीधे गांवों तक पहुंचे। किसानों के हितों की रक्षा के लिए फसल बुआई और कटाई के मौसम में अन्य कार्यों पर रोक लगाई गई है। इसके साथ ही बेरोजगारी भत्ते को स्पष्ट, समयबद्ध और कानूनी अधिकार का स्वरूप दिया गया है।
उन्होंने बताया कि पारदर्शिता और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित निगरानी, जीपीएस और मोबाइल ट्रैकिंग, सार्वजनिक डेटा प्रकाशन, अनिवार्य सामाजिक ऑडिट तथा केंद्र और राज्य स्तर पर निगरानी समितियों का गठन किया गया है। मंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि उसके शासनकाल में परिवारवाद हावी रहा और राष्ट्रीय महापुरुषों की उपेक्षा की गई, जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में सरकार ‘सबका साथ, सबका विकास’ की भावना के साथ काम कर रही है।
ग्रामीणों के लिए क्यों अहम है ‘जी राम जी’ योजना
● योजना का पूरा नामः विकसित भारत गारंटी फॉर रोज़गार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण) — जी राम जी
● उद्देश्यः ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार को कल्याण नहीं, बल्कि कानूनी विकासात्मक अधिकार के रूप में स्थापित करना।
● रोजगार की गारंटीः प्रत्येक ग्रामीण परिवार को 125 दिन का सुनिश्चित रोजगार। खेतीहर कार्यों के लिए 60 दिन अतिरिक्त। कुल 185 दिनों तक काम की कानूनी गारंटी
● प्रमुख कार्य क्षेत्र (4 श्रेणियां): जल सुरक्षा। ग्रामीण अवसंरचनाः आजीविका संपत्तिः जलवायु संरक्षण
● किसानों के लिए विशेष प्रावधानः फसल बुआई और कटाई के मौसम में अन्य कार्यों पर रोक। कृषि कार्यों को प्राथमिकताः
● पारदर्शिता और निगरानीः एआई आधारित फर्जीवाड़ा पहचान प्रणालीः जीपीएस व मोबाइल ट्रैकिंगः सार्वजनिक डेटा पोर्टलः साल में दो बार अनिवार्य सामाजिक ऑडिट
● क्यों जरूरी है जी राम जीः यह योजना गांवों में स्थायी रोजगार, मजबूत अवसंरचना और आत्मनिर्भर ग्रामीण अर्थव्यवस्था की नींव रखती है, जो विकसित भारत–2047 के लक्ष्य को साकार करने में अहम भूमिका निभाएगी।

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