वैज्ञानिक दृष्टिकोण और नवाचार में ही भारत का भविष्यः धर्मराज कुशवाहा

कैंब्रिज हाईस्कूल एंड कालेज में राष्ट्रीय विज्ञान दिवस पर कार्यक्रम आयोजित
प्रयागराज (आलोक गुप्ता). कैम्ब्रिज हाईस्कूल एंड कॉलेज शंकरगढ़ (यमुनापार) में राष्ट्रीय विज्ञान दिवस के अवसर पर विविध शैक्षिक गतिविधियों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का विषय “वीमेन इन साइंस: कैटेलाइजिंग विकसित भारत” रखा गया, जिसके तहत विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी क्षेत्र में महिलाओं की भूमिका और योगदान पर विशेष चर्चा की गई।
आयोजन के दौरान विद्यार्थियों ने विज्ञान आधारित प्रस्तुतियों, जागरूकता गतिविधियों और विचार-विमर्श सत्रों में भाग लिया। वक्ताओं ने छात्राओं को विज्ञान के क्षेत्र में उच्च शिक्षा एवं शोध के लिए प्रेरित किया तथा महिला वैज्ञानिकों के योगदान को रेखांकित किया।

शिक्षक धर्मराज कुशवाहा ने कहा कि राष्ट्रीय विज्ञान दिवस का उद्देश्य विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण और नवाचार की भावना को विकसित करना है। इसी में छात्र-छात्राओं का भविष्य है।
प्रशासनिक अधिकारी बालेंद्र पांडेय ने बताया कि यह दिवस भारतीय वैज्ञानिक सी.वी. रमन द्वारा वर्ष 1928 में ‘रमन प्रभाव’ की खोज की स्मृति में मनाया जाता है। इस खोज के लिए उन्हें वर्ष 1930 में भौतिकी का नोबेल पुरस्कार प्रदान किया गया था। भारत सरकार ने वर्ष 1986 में 28 फरवरी को राष्ट्रीय विज्ञान दिवस घोषित किया।
कार्यक्रम में अखिलेश पांडेय, दीपक केसरवानी और इमरान अहमद सहित अन्य शिक्षकों ने विज्ञान के व्यावहारिक महत्व, तार्किक चिंतन और आधुनिक तकनीक के उपयोग पर जानकारी दी। वक्ताओं ने विद्यार्थियों को वैज्ञानिक सोच अपनाने और समाज में वैज्ञानिक चेतना को सुदृढ़ करने का संदेश दिया।
इस अवसर पर प्रशासनिक अधिकारी बालेंद्र पांडे, शिक्षक मनी शंकर दुबे, सौरभ प्रकाश, इमरान अहमद, पंकज श्रीवास्तव, मनोज तिवारी, दीपक केसरवानी, नरेश श्रीवास्तव, अखिलेश पांडेय, राजेश गोस्वामी, धर्मराज कुशवाहा, आभा मिश्रा, प्रीति सेन, रीतू सुसारी, सिम्मी गुप्ता, रीना गोस्वामी, रेखा सिंह, मधु केसरवानी, ऊषा सिंह, सीमा सिंह, रूचि शुक्ला, निहारिका सेन, अंजू गुप्ता तथा पूनम द्विवेदी सहित विद्यालय परिवार के अन्य सदस्य उपस्थित रहे। आयोजन में बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने भागीदारी की।



