फरसा वाले बाबा की मौत पर बवाल,तीन घंटे ठप रहा दिल्ली-आगरा हाईवे

बीती रात सड़क हादसे में हुई फरसा वाले बाबा चंद्रशेखर की मौत
लखनऊ (विजय मिश्र). उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले के कोसीकलां थाना क्षेत्र में फरसा वाले बाबा के नाम से प्रसिद्ध गौ सेवक चंद्र शेखर की सड़क दुर्घटना में मौत के बाद हालात तनावपूर्ण हो गए। घटना से आक्रोशित भीड़ ने पथराव कर दिया, जिसके बाद स्थिति संभालने के लिए सेना को बुलाना पड़ा। काफी मशक्कत के बाद हालात पर काबू पाया जा सका।
घटना का संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। वहीं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार ने स्पष्ट किया कि यह एक सामान्य सड़क हादसा है और इसमें गौतस्करी से जुड़ा कोई तथ्य सामने नहीं आया है।
पुलिस के अनुसार, शुक्रवार देर रात करीब तीन से चार बजे के बीच कोसीकलां थाना क्षेत्र में चंद्रशेखर उर्फ फरसा बाबा ने एक संदिग्ध वाहन को रोकने का प्रयास किया। घने कोहरे के कारण पीछे से आ रहे तेज रफ्तार ट्रक ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। जिस वाहन को रोका गया था, उसमें किराने का सामान मिला, जबकि दुर्घटना में शामिल ट्रक राजस्थान नंबर का था और उसमें तार लदा हुआ था। ट्रक चालक और परिचालक अलवर के निवासी बताए गए हैं, जिनमें चालक घायल हो गया और उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
घटना के बाद बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हो गए और थाना छाता क्षेत्र में जाम लगा दिया। आक्रोशित भीड़ ने पथराव किया, जिसमें कई पुलिसकर्मी घायल हुए और कुछ वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए बल प्रयोग किया और जाम हटाने की कार्रवाई शुरू की।
हालात बिगड़ने पर पुलिस ने लाठीचार्ज के साथ आंसू गैस का इस्तेमाल किया। मौके पर पहुंचे डीआईजी समेत अन्य अधिकारियों ने भीड़ को समझाने का प्रयास किया, लेकिन स्थिति काबू में न आने पर सेना की टुकड़ी को बुलाया गया। सेना की कार्रवाई के बाद उपद्रवियों को खदेड़ा गया और करीब तीन घंटे बाद दिल्ली-आगरा राष्ट्रीय राजमार्ग पर यातायात बहाल हो सका।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार ने बताया कि मामले में अग्रिम वैधानिक कार्रवाई की जा रही है और एहतियात के तौर पर क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी घटना को गंभीरता से लेते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।


