The live ink desk. पश्चिम एशिया और पूर्वी भूमध्यसागर क्षेत्र में बढ़ते सुरक्षा तनाव के बीच Turkey ने Northern Cyprus में अपने छह F‑16 Fighting Falcon लड़ाकू विमान और वायु रक्षा प्रणाली तैनात कर दी है। तुर्किये के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि यह कदम क्षेत्रीय सुरक्षा को मजबूत करने के लिए अपनाई जा रही चरणबद्ध रणनीति का हिस्सा है।
सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की पहल
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार तुर्किये ने यह तैनाती Turkish Republic of Northern Cyprus (टीआरएनसी) में की है, जिसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर केवल तुर्किये ही मान्यता देता है। मंत्रालय के बयान में कहा गया कि क्षेत्र में हालिया घटनाक्रम को देखते हुए टीआरएनसी की सुरक्षा बढ़ाने के लिए यह कदम उठाया गया है और स्थिति के अनुसार आगे भी आवश्यक उपाय किए जाएंगे।
ड्रोन घटना के बाद बढ़ी चिंता
यह घोषणा उस घटना के कुछ दिनों बाद आई है जब Cyprus में एक ब्रिटिश सैन्य अड्डे के पास ईरान निर्मित ड्रोन गिरा था। साइप्रस प्रशासन का अनुमान है कि यह ड्रोन संभवतः Hezbollah द्वारा दागा गया हो सकता है। इस घटना के बाद कई यूरोपीय देशों ने साइप्रस को अतिरिक्त वायु रक्षा प्रणाली और सैन्य सहयोग देने का आश्वासन दिया है।
इजराइल टकराव की संभावना कम
तुर्किये के रक्षा मंत्री Yaşar Güler ने कहा कि Turkey और Israel के बीच सीधे सैन्य टकराव की संभावना फिलहाल बेहद कम है। उन्होंने बताया कि संभावित गलतफहमियों से बचने के लिए दोनों देशों के बीच संचार चैनल बनाए रखे गए हैं।
हालांकि Gaza Strip में जारी संघर्ष और Syria में इजराइल की सैन्य गतिविधियों को लेकर तुर्किये और इजराइल के संबंधों में तनाव बना रहता है।
एफ-35 कार्यक्रम में वापसी की मांग
रक्षा मंत्री गुलर ने अमेरिका से यह भी आग्रह किया कि तुर्किये को दोबारा F‑35 Lightning II program में शामिल किया जाए। तुर्किये को पहले इस कार्यक्रम से बाहर कर दिया गया था, क्योंकि उसने रूस से S‑400 air defense system खरीदा था। अमेरिकी प्रशासन का मानना था कि यह प्रणाली एफ-35 की स्टेल्थ तकनीक के लिए सुरक्षा जोखिम पैदा कर सकती है।
Highlights
- तुर्किये ने उत्तरी साइप्रस में छह एफ-16 लड़ाकू विमान तैनात किए
- क्षेत्रीय तनाव के बीच वायु रक्षा प्रणाली भी स्थापित
- तैनाती तुर्किश रिपब्लिक ऑफ नॉर्दर्न साइप्रस में की गई
- साइप्रस में ईरान निर्मित ड्रोन गिरने की घटना के बाद सुरक्षा चिंता बढ़ी
- रक्षा मंत्री यासर गुलर ने तुर्किये-इजराइल सीधे टकराव की संभावना कम बताई
- तुर्किये ने अमेरिका से एफ-35 कार्यक्रम में दोबारा शामिल करने की मांग की

